Sunday, August 9, 2009

जज के नाम पर फोन करने वाले के खिलाफ मामला दर्ज



जज के नाम पर फोन करने वाले के खिलाफ मुकदमा दर्ज


चंडीगढ़।
मुलाना इंजीनियरिंग कॉलेज में खुद को जज बताकर छात्रा की एडमिशन कराने की कोशिश की थी सेक्टर 36 स्थित गुरु द्रोणाचार्य इंस्टीटच्यूट के संचालक अजय अरोड़ा ने। शुक्रवार को अजय ने चीफ जस्टिस बनकर मुलाना इंजीनियरिंग कॉलेज के चांसलर तरसेम कुमार गर्ग को फोन किया था।
तरसेम ने इसकी जानकारी चीफ जस्टिस तक पहुंचा दी। चंडीगढ़ पुलिस ने अजय के खिलाफ केस दर्ज कर लिया है। बेटी को बीटेक में एडमिशन दिलाने के सिलसिले में चुन्नी के सिकंदर सिंह इंस्टीटच्यूट पहुंचे थे। इस छात्रा को बारहवीं में 82 फीसदी नंबर मिले थे, लेकिन उसने एआईईईई नहीं दिया था। अजय अरोड़ा ने सिकंदर से डेढ़ लाख रुपए लेकर एडमिशन का भरोसा दिया।

सिकंदर के मुताबिक, अजय ने कहा कि सीधे मुलाना इंजीनियरिंग कॉलेज चले जाना और चिट पर रिकमेंडेशन के लिए चीफ जस्टिस का नाम लिखना। सिकंदर ने ऐसा ही किया और गर्ग के ऑफिस में चिट भेजी। इस पर लिखा था केयर ऑफ चीफ जस्टिस। गर्ग ने तुरंत सिकंदर को अंदर बुलाया और सारा केस सुनने के बाद कहा कि उनकी एडमिशन सिर्फ एनआरआई सीट पर हो सकती है।
उन्होंने सिकंदर को एनआरआई कोटे का फॉर्म दिया और 40 लाख रुपए बतौर फीस जमा कराने को कहा। सिकंदर इतनी बड़ी रकम देने की स्थिति में नहीं थे। सिकंदर ने अजय से संपर्क कर जनरल सीट पर एडमिशन दिलाने को कहा। अजय ने सिकंदर से कहा कि वह कॉलेज में ही रहें, वह जज साहब से फोन करवाता है। पुलिस के अनुसार इसके बाद अजय ने खुद ही चीफ जस्टिस बनकर कॉलेज के चांसलर तरसेम कुमार गर्ग को फोन किया और एडमिशन के निर्देश दिए। पुलिस ने अजय के खिलाफ धोखाधड़ी का केस दर्ज कर लिया। पुलिस ने अजय के घर और ऑफिस में रेड की। उसे गिरफ्तार नहीं किया जा सका है।

1 comment:

राजीव थेपड़ा ( भूतनाथ ) said...

vaah...vaah.....bas isi tarah saari duniyaa thag ban jaaye....sab ek doose ko thagte rahen.....yahi aadamjaat kaa dharm hai.....!!!